Thursday, December 8, 2016

तुमने तो देखा है

पुरानी क़िताबों से,
किसी airline के ticket कहीं और के निकलते हैं,
और कहानियाँ कुछ और याद आती हैं।
एक बार को सोचता हूँ,
कि रख लूँ सम्भाल कर किसी diary के नीचे,
ये क़िताब ख़त्म करने के बाद,
रख दूंगा उन्ही पन्नों के पीछे।
पर ये कहानियाँ बहुत तक़लीफ़ देती हैं,
बड़ा uncomfortable करती हैं।
ऐसा नहीं है, कि इतनी dark है ज़िन्दगी,
बस थोड़ी ठंडी है, और मेरे दिन जल्दी डूब जाते हैं।
और इतना भी मुश्किल नहीं होगा, मुझे crack करना।
लोग कितना भी complicated कहें मुझे,
तुमने तो देखा है,
कितना simple सा हूँ मैं, लोगों के जाने के बाद,
तुमने तो देखा है,
मुझे खाते हुए, पीते हुए,रोते  हुए, गाते हुए,
एक हाथ तुम्हारे सर पे, और दुसरे से जकड़ कर,
तुम्हे गले से लगाते हुए।
तुमने तो देखा है ,
कितना simple सा हूँ मैं, लोगों के जाने के बाद,
Fuck  this !
ये कहानियाँ बहुत तक़लीफ़ देती हैं,
तुम्हारे जाने के बाद।
और ये ticket सिर्फ़ और सिर्फ़,
किताबों को और मोटा करते रहते हैं,
पर उनमे जो एक बार छप गयीं,
वो कहानियाँ नहीं बदलतीं।

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